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सीता नवमी

14 मई 2027 · शुक्रवार चैत्र, शुक्ल नवमी

वैसाख माह 2027 में सीता नवमी कब है?

संक्षिप्त उत्तर

सीता नवमी 2027 कब है?

सीता नवमी 2027 शुक्रवार, 14 मई 2027 को मनाई जाएगी। सीता नवमी की तिथि चैत्र, शुक्ल नवमी है। सीता नवमी की पूजा का शुभ मुहूर्त 05:14 – 07:54 तक रहेगा।

दिनांक14 मई 2027
तिथिचैत्र, शुक्ल नवमी
पूजा मुहूर्त05:14 – 07:54
पर्व जानकारी

पर्व सारांश

मुख्य तिथिचैत्र, शुक्ल नवमीवैसाख माह के व्रत-त्यौहार
मुख्य देवतामाँ सीता
वार-देवतामाँ लक्ष्मी · माँ संतोषीशुक्रवार
नक्षत्रमघाध्रुव
संक्षिप्त परिचय

सीता नवमी का महत्व और उत्सव

सीता नवमी चैत्र, शुक्ल नवमी तिथि को मनाया जाने वाला हिंदू पर्व है। इस दिन माँ सीता की पूजा की जाती है और सुख-समृद्धि एवं रक्षा की प्रार्थना की जाती है।

पंचांग विवरण

त्योहार का पंचांग और शुभ समय

मुख्य पंचांग विवरण

तिथि (सूर्योदय)शुक्ल नवमी
नक्षत्रमघा
योगध्रुव
करणबालव
ऋतुग्रीष्मउत्तरायण
संवत्सररौद्र
दिशा शूलपश्चिमजौ या दही खाकर

सीता नवमी के दिन पूजा, स्नान और दान का शुभ समय

मुहूर्त / योगसमयउपयोगस्थिति
ब्रह्म मुहूर्त 03:38 – 04:26 स्नान, जप, संकल्प शुभ
प्रातः पूजन 05:14 – 07:54 पूजा और संकल्प श्रेष्ठ
अभिजीत मुहूर्त 11:27 – 12:21 सामान्य शुभ कार्य शुभ
विजय मुहूर्त 16:48 – 17:41 कार्य-सिद्धि, संकल्प शुभ
सन्ध्या पूजन 17:47 – 18:59 दीप, आरती, कथा शुभ
राहु काल (वर्ज्य) 10:14 – 11:54 शुभ कार्य में टालें सावधानी
तिथि शुरू 13 May 09:17 PM
ब्रह्म मुहूर्त जप / स्नान 03:38–04:26
प्रातः पूजा मुख्य संकल्प 05:14–07:54
अभिजीत शुभ मुहूर्त 11:27 – 12:21
तिथि समाप्त 14 May 07:39 PM
सन्ध्या पूजन दीप, आरती 17:47–18:59

समय वाराणसी के सूर्योदय/सूर्यास्त पर आधारित हैं; स्थान अनुसार थोड़ा अंतर संभव है।

पर्व विवरण

सीता नवमी — महत्व, कथा और परंपरा

सीता नवमी का पर्व वैसाख मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है। वैसाख का महीना पवित्रता, संयम और वैष्णव आस्था से जुड़ा माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार त्रेतायुग में इसी तिथि को पुष्य नक्षत्र के मध्याह्न काल में माँ सीता का प्राकट्य हुआ था। संतान प्राप्ति की कामना से राजा जनक जब यज्ञभूमि को हल से जोत रहे थे, तभी पृथ्वी से एक दिव्य बालिका प्रकट हुई, जिनका नाम सीता रखा गया। इस दिन श्रीराम और माँ सीता का विधिपूर्वक पूजन विशेष फलदायी माना गया है। “श्रीसीता–रामाय नमः” मंत्र का जप अत्यंत कल्याणकारी माना जाता है।

विश्वसनीयता एवं प्रामाणिकता

सीता नवमी की तिथि कैसे निर्धारित हुई?

पंचांग-सत्यापित
पंचांग तिथिचैत्र, शुक्ल नवमी
गणना का आधारतिथि-आधारित (चंद्र-सौर)
गणना पद्धतिदृक् गणित (Meeus)
संदर्भ स्थानउज्जैन
आराध्य देवमाँ सीता
माह पद्धतिपूर्णिमांत (उत्तर भारत)
अंतिम संशोधन05 Sep 2026

तिथि का निर्धारण सूर्योदय के समय प्रचलित तिथि से होता है, और सूर्योदय प्रत्येक नगर में भिन्न होता है — इसलिए स्थान बदलने पर तारीख़ में एक दिन का अंतर संभव है। इसी कारण Bhakti Sarovar पर समय एक राष्ट्रीय औसत नहीं, बल्कि आपके चुने हुए नगर के वास्तविक सूर्योदय के अनुसार गणना किए जाते हैं। पूरी गणना पद्धति पढ़ें →

इस पृष्ठ के योगदानकर्ता
प्रमूल लेखनप्रियंका शर्मा शास्त्रीय सत्यापनचन्द्रभूषण मणि त्रिपाठी दीसंपादकीय समीक्षादीपक शर्मा

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सामान्य प्रश्न

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

2027 में सीता नवमी 14 मई 2027 (शुक्रवार) को है।
सीता नवमी चैत्र, शुक्ल नवमी तिथि को मनाया जाने वाला पर्व है।
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अस्वीकरण

इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह केवल सामान्य सूचना हेतु हैं। भक्ति सरोवर इनका समर्थन नहीं करता। जानकारी विभिन्न पंचांग, प्रवचनों, मान्यताओं और धर्मग्रंथों से संग्रहित है। कृपया अपने विवेक का उपयोग करें।